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अधर में फंसा दो लाख से ज्यादा पॉलिटेक्निक छात्रों का भविष्य, परीक्षा पर फैसला नहीं ले पा रहे ‘साहब’

लखनऊ : उत्तर प्रदेश में पॉलिटेक्निक (polytechnic) के दो लाख से ज्यादा छात्र-छात्राओं के लिए सेमेस्टर परीक्षा (semester examination) अनसुलझी पहेली बन कर रह गया. अधिकारियों ने एक बार इन परीक्षाओं का कार्यक्रम घोषित करने के बाद उसे अगले आदेशों तक स्थगित कर दिया गया. इसके बाद बोर्ड ऑफ टेक्निकल एजुकेशन (Board of technical education) ने यह तो कह दिया कि परीक्षाएं ऑनलाइन कराएंगे. लेकिन, परीक्षा ऑनलाइन कैसे होंगी ? इसका जवाब अभी तक अधिकारियों के पास नहीं है. जल्दबाजी में लिए गए इन फैसलों का नतीजा छात्र-छात्राओं को भुगतना पड़ रहा है. यह हाल तब है जबकि, प्रदेश के मुखिया योगी आदित्यनाथ सीधे इस विभाग पर नजर रखे हुए हैं. उनके सबसे भरोसेमंद आईएएस अधिकारियों की सूची में शामिल आलोक कुमार तृतीय बतौर सचिव इस विभाग को देख रहे हैं.
उत्तर प्रदेश में राजकीय, सरकारी सहायता प्राप्त और निजी पॉलिटेक्निक संस्थानों की संख्या 1417 है. इनमें करीब 1.31 लाख सीट प्रथम वर्ष की है. कोरोना संक्रमण के चलते इस बार सेमेस्टर परीक्षाओं का ऑफलाइन आयोजन नहीं किया जा सका. ऐसे में बीते दिनों तकनीकी शिक्षा बोर्ड (Board of technical education) की ओर से ऑनलाइन परीक्षाएं कराने की घोषणा की गई. बीते दिनों बोर्ड ऑफ टेक्निकल एजुकेशन की तरफ से सेमेस्टर परीक्षाओं के कार्यक्रम की घोषणा कर दी गई. इसके मुताबिक यह परीक्षाएं 22 जुलाई से शुरू होनी थी. छात्रों ने अपने स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी. लेकिन, अचानक विभाग की तरफ से परीक्षाएं अगले आदेशों तक टाल दी गई. अब यह परीक्षाएं कब होंगी ? कैसे होंगी ? यह बताने के लिए कोई तैयार नहीं है.
शासन का नाम लेकर झाड़ा पल्ला
उत्तर प्रदेश में पॉलिटेक्निक शिक्षा की समय हालत बेहद खराब है. नाम ना छापने की शर्त पर एक कर्मचारी ने बताया कि विभाग के स्तर पर कोई भी फैसला नहीं लिया जा पा रहा है. हर चीज के लिए फाइल शासन में जाती है. वहां फैसले होने में समय लग रहा है. इसी का नतीजा है कि अभी तक परीक्षा कराने के लिए एजेंसी का नाम फाइनल नहीं हो पाया है. हालांकि जानकारों की माने तो डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय में जो एजेंसी वर्तमान में ऑनलाइन परीक्षा करा रही है, उसी को पॉलिटेक्निक परीक्षा कराने की जिम्मेदारी भी देने की तैयारी है. AKTU की सेमेस्टर परीक्षाएं 20 जुलाई से शुरू हुई है. ऐसे में फिलहाल पॉलिटेक्निक की परीक्षा शुरू करने से पहले विभाग इंतजार करना चाहता है. इस पूरे प्रकरण में विभाग का कोई भी अधिकारी कुछ भी बोलने को तैयार नहीं है. आधिकारिक पक्ष जानने के लिए विभागीय सचिव सुनील सोनकर से संपर्क करने की कोशिश की गई. लेकिन, उनकी तरफ से कोई जवाब नहीं मिला.
30 जुलाई तक कराई जानी है प्रैक्टिकल परीक्षा
Board of technical education की ओर से प्रैक्टिकल परीक्षाएं कराने का कार्यक्रम जारी कर दिया गया है. सभी कॉलेजों को 30 जुलाई तक प्रैक्टिकल कराने के निर्देश दिए गए. राजकीय और सरकारी सहायता प्राप्त पॉलिटेक्निक संस्थानों को अपने स्तर पर प्रैक्टिकल कराने को कहा गया है. वहीं, निजी संस्थानों को नोडल अधिकारी की देख रेख में प्रैक्टिकल कराने के निर्देश दिए गए.

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